1. क्रोनोबायोलॉजी (Chronobiology) : जीवन की अवधि (Duration of life) से संबंधित विज्ञान।
  2. यूफेनिक्स (Euphenics) : प्रोटीन-संश्लेषण प्रक्रिया में सुधार से मानवजाति में सुधार का अध्ययन।
  3. क्रोमैटोग्राफी (Chromatography) : यौगिकों के शोधन, किसी मिश्रण के अवयवों का पृथक्करण, उससे रंगों को अलग करने संबंधित विज्ञान।
  4. आनुवांशिक अभियांत्रिकी (Genetic Engineering) : जीन में यांत्रिक विधि से जीव के नस्ल सुधार में परिवर्तन के अध्ययन का विज्ञान।
  5. हैमेटोलॉजी (Haematology) : रक्त के अध्ययन संबंधी विज्ञान। हिपेटोलॉजी (Hepatology): रेंगने वाले जन्तुओं से संबंधी विज्ञान।
  6. उद्यान विज्ञान (Horticulture): फूल-फल, सब्जियों, सजावट के पौधों (Ornamental plants) आदि को उगाने एवं प्रबन्धन का विज्ञान।
  7. द्रवगतिकी (Hydrostatics) : स्थिर द्रव के अध्ययन से संबंधित विज्ञान। जल कृषि (Hydroponics) : यह मृदा-रहित कृषि के अध्ययन का विज्ञान है।
  8. काइनेस्थेटिक (Kinesthetics) : शरीर के भाव-भंगिमाओं को देखकर मन की भाषा जानने संबंधी अध्ययन का विज्ञान।
  9. धातुकर्म विज्ञान (Metallurgy) : धातु के अयस्क (Ore) केनिष्कर्षण तथा उनके गुणों का अध्ययन।
  10. एकास्टिक्स (Acoustics) : इसके अंतर्गत ध्वनि एवं उसके प्रभावों का अध्ययन किया जाता है।
  11. एग्रोनॉमिक्स (Agronomics) : भूमि व फसलों के प्रबन्धन(Management) का अध्ययन्।
  12. एग्रोस्टोलॉजी (Agrostology) : घासों के अध्ययन का विज्ञान।
  13. ऐल्केमी (Alchemy) : मानव को अमर बनाने के लिए अमृत की खोज का विज्ञान।
  14. फेनोलॉजी (Phrenology): मानव के कपाल या खोपड़ी (Skull) एवं मस्तिष्क (Brain) के अध्ययन का विज्ञान।
  15. थिसियोलॉजी (Pthisiology): इसके अंतर्गत क्षय रोग (Tuberculosis T.B.) का अध्ययन किया जाता है।
  16. शैवाल विज्ञान (Phycology) : इसके अंतर्गत शैवालों का अध्ययन किया जाता है।
  17. शरीर क्रिया विज्ञान (Physiology) : इसके अंतर्गत सजीवों की विभिन्न जैविक प्रक्रियाओं जैसे- श्वसन, वृद्धि, पोषण आदि का 'अध्ययन किया जाता है।
  18. पादप विकास विज्ञान (Phytogeny) : पौधों की उत्पत्ति एवं उनके विकास के अध्ययन का विज्ञान।
  19. फल-कृषि विज्ञान (Pomology): इसके अंतर्गत फलों के उत्पादन, वृद्धि, सुरक्षा एवं उनकी नस्ल सुधार का अध्ययन किया जाता है।
  20. सुजननिकी (Eugenics): मनुष्य की संतति के विकास व नस्ल सुधार से सम्बन्धित विधियों का अध्ययन।
  21. असटट्रिक्स (Obstetrics): गर्भधान, प्रसव एवं बच्चे के जन्म से संबंधित विज्ञान का अध्ययन।
  22. दन्त ज्ञान (Odontology): दन्त की उत्पत्ति, संरचना, विन्यास एवं रोगों के अध्ययन संबंधी विज्ञान।
  23. ऑकोलॉजी (Oncology) : इसमें कैंसर रोग का अध्ययन किया जाता है।
  24. प्रकाशिकी (Optics) : प्रकाश की प्रकृति, गुण, आदि के अध्ययन संबंधित भौतिक शास्त्र की एक शाखा।
  25. ऑथैल्मोलॉजी (Opthalmology) : आँख व उसके रोग से संबंधी अध्ययन का विज्ञान।
  26. पक्षी विज्ञान (Ornithology) : इसके अंतर्गत पक्षियों के स्वभाव, व्यवहार एवं उन पर पर्यावरण के प्रभाव का अध्ययन किया जाता है।
  27. ओरोलॉजी (Orology) : पर्वतों के अध्ययन का विज्ञान।
  28. ऑर्थोपेडिक्स (Orhopaedics) : इसके अंतर्गत पेशीय कंकाल तंत्र की रचना, विकास एवं उसके रोगों का अध्ययन किया जाता है।
  29. ऑलफैक्टोलॉजी (Olfactology) : इसके अंतर्गत गंध की संवेदनाओं का अध्ययन किया जाता है।
  30. पैलियोबॉटनी (Palaeobotany) : पौधों के जीवाश्मों (Fossils) के अध्ययन का विज्ञान।
  31. प्रकाश जैविकी (Photobiology) : जीवों पर प्रकाश के विज्ञान का अध्ययन।
  32. एनाटॉमी (Anatomy) : जीवधारियों के शरीर की आन्तरिक संरचना के अध्ययन का विज्ञान।
  33. एन्थ्रोपोलॉजी (Anthropology) : मानव की उत्पत्ति एवं विकास का वैज्ञानिक अध्ययन।
  34. आबरीकल्चर (Arboriculture) : वृक्षों के उगाने से संबंधित समस्त प्रक्रियाओं का अध्ययन।
  35. आर्कियोलॉजी (Archaeology) : इसे हिन्दी में पुरातत्व विज्ञान कहा जाता है। इसके अंतर्गत प्राचीन स्मारकों, अभिलेखों, खुदाई से प्राप्त वस्तुओं, इत्यादि का अध्ययन किया जाता है।
  36. विकृति विज्ञान (Rheology) : द्रव के विरूपण (Deformation) तथा उसके प्रवाह (Flow) के अध्ययन का विज्ञान।
  37. भूकम्प विज्ञान (Seismology) : भूकम्पों के कारण, विस्तार, | पूर्वानुमान आदि के अध्ययन संबंधी विज्ञान।
  38. चन्द्र विज्ञान (Selinology) : इसके अंतर्गत चन्द्रमा की उत्पत्ति, उसकी सतह की बनावट एवं उसकी गति के अध्ययन का विज्ञान
  39. रेशम कीटपालन विज्ञान (Sericulture) : रेशम के कीटों के पालने संबंधी अध्ययन।
  40. वर्गिकी (Taxonomy) : जन्तुओं और पौधों को उनकी संरचना एवं गुणों की समानता के आधार पर वर्गीकरण का विज्ञान।
  41. यूथेनिक्स (Euthenics) : अच्छे पोषण द्वारा मानव जाति में सुधार का अध्ययन।
  42. आनुवांशिकी (Genetics) : जीन के सभी क्रिया-कलापों के अध्ययन का विज्ञान।
  43. जीरोन्टोलॉजी (Gerontology) : वृद्धावस्था से संबंधित अध्ययन का विज्ञान।
  44. ग्लॉसोलॉजी (Glossology) : जीभ (Tongue) का अध्ययन।
  45. गॉयनेकोलॉजी (Gynaecology) : स्त्री के प्रजनन अंग (Reproductive organ) के अध्ययन का विज्ञान।
  46. जेनेसियोलॉजी (Genesiology) : पीढ़ियों के अध्ययन संबंधित विज्ञान।
  47. एस्ट्रोनोमी (Astronomy) : इसे खगोल विज्ञान भी कहा जाता है। इसके अंतर्गत विभिन्न खगोलीय पिण्डों की रचना एवं गति का अध्ययन किया जाता है।
  48. बैक्टीरियोलॉजी (Bactereology) : जीवाणुओं की संरचना तथा उनके द्वारा उत्पन्न रोगों का अध्ययन।
  49. जैव रासायनिकी (Bio chemistry) : जीवों के शरीर में होने वाली रासायनिक अभिक्रियाओं का अध्ययन।
  50. जैवमिति (Biometry) : वह विज्ञान जिसमें जीवविज्ञान का अध्ययन गणित व सांख्यिकी की तकनीकों द्वारा किया जाता है।
  51. बायोनिक्स (Bionics) : जन्तुओं के तंत्रिका तंत्र (Nervous system) के अध्ययन का विज्ञान।
  52. बायोनॉमिक्स (Bionomics) : जीवधारियों को उनके वातावरण के साथ सम्बन्ध का अध्ययन।
  53. वनस्पति विज्ञान (Botany) : पौधों के जीवन से संबंधित प्रत्येक विषय का अध्ययन।
  54. मृतिका शिल्प (Ceramics) : इसमें कांच व चीनी मिट्टी के बर्तन आदि बनाने की विधियों का अध्ययन किया जाता है।
  55. रसायन विज्ञान (Chemistry) : पदार्थों के संरचना तथा उनकी पारस्परिक क्रियाओं का सम्पूर्ण अध्ययन।
  56. कीमोथेरेपी (Chemotherapy) : रासायनिक यौगिकों के प्रयोग द्वारा रोगों का निरोध एवं उनके उपचार करने की विधियों का अध्ययन
  57. कीमोमेट्रिक्स (Chemometrics): गणितीय तथा सांख्यिकीय विधियों द्वारा रसायन विज्ञान की समस्याओं का अध्ययन।
  58. माप विज्ञान (Metrology): माप एवं तौल (Weights and Measures) की विधियों के अध्ययन संबंधी विज्ञान।
  59. मौसम विज्ञान (Meterology): वायुमंडल में मौसम संबंधी होने वाले परिवर्तनों का अध्ययन।
  60. सूक्ष्मजैविकी (Microbiology) : जीवाणु, विषाणु, इत्यादि सूक्ष्म जीवों के अध्ययन संबंधी विज्ञान।
  61. आकारिकी (Morphology) : इसके अंतर्गत जीवों की आकृति तथा उनकी बाह्य रचनाओं का अध्ययन किया जाता है।
  62. कवक विज्ञान (Mycology) : इसके अंतर्गत कवकों (Fungi) का । अध्ययन किया जाता है।
  63. कॉन्कोलॉजी (Conchology) : मोलस्का वर्ग (शंख, सीपी, कौडियों आदि) के जंतुओं के बाह्य आवरण (Shell) के अध्ययन का विज्ञान।
  64. कॉसमोलॉजी (Cosmology): ब्रह्माण्ड की संरचना, उत्पत्ति, विकास आदि का अध्ययन।
  65. सृष्टि विज्ञान (Cosmogony) : विश्व की उत्पत्ति एवं विकास के अध्ययन का विज्ञान।
  66. क्रायोजेनिक्स (Cryogenics): इसे हिन्दी में निम्नतापिकी कहते हैं। इसके अंतर्गत अतिनिम्न ताप की उत्पत्ति, नियंत्रण एवं उसके अनुप्रयोगों का अध्ययन किया जाता है।
  67. कोशिका विज्ञान (Cytology) : कोशिकाओं (Cells) के अध्ययन का विज्ञान। |
  68. अंगुलिछाप विज्ञान (Dactylography): इसमें व्यक्तियों के अंगुलिछाप (Finger Print) जो प्रत्येक व्यक्तियों का अलग-अलग होता है, का अध्ययन किया जाता है।
  69. डेन्ड्रोक्रोनोलॉजी (Dencrochronology) : इसके अंतर्गत पेड़ों की वृद्धि वलयों (Growth rings) का अध्ययन कर उनकी आयु की गणना करने की विधियों का अध्ययन किया जाता है।
  70. पारिस्थितिकी (Ecology) : इसके अंतर्गत जीवधारियों पर उनके चारों ओर के पर्यावरण के प्रभावों का अध्ययन किया जाता है।
  71. कीट-विज्ञान (Entomology) : कीटों (Insects) के सम्पूर्ण अध्ययन का विज्ञान पिडेमिलॉजी (Epidemilogy) : इसके अंतर्गत फैलने वाले महामारियों (Epidermics) जैसे—प्लेग, हैजा, चेचक, आदि का अध्ययन किया जाता है।
  72. एपीग्रॉफी (Epigraphy): इसमें शिलालेख संबंधी विषयों का अध्ययन किया जाता है।
  73. व्यवहार विज्ञान (Ethology) : मानव सहित सभी जन्तुओं के व्यवहार का अध्ययन।